संपादकीय: 17 सितंबर को जगदलपुर में कानून सबके लिए बराबर था या रसूखदारों के लिए अलग?

संपादकीय: निजी आयोजन में सार्वजनिक स्थल के दुरुपयोग पर प्रशासन की भूमिका पर सवाल

— अजय श्रीवास्तव
वरिष्ठ पत्रकार


बीते 17 सितंबर को जगदलपुर वासियों को एक नए कलेवर का सामना करना पड़ा। पता चला कि एक संगठन ने चौक-चौराहों व कई सार्वजनिक मार्गों को अवरुद्ध कर दिया है। हालांकि बीते कई मौकों पर कई संगठन व समाज ऐसा करते हुए नजर आते हैं, पर उन्हें प्रशासन व पुलिस से इस कार्य के लिए अनुमति लेनी होती है। इस मर्तबे ऐसा हुआ होगा, ऐसा प्रतीत नहीं हो रहा है। क्योंकि इस कार्यक्रम की लाख आलोचना के बाद किसी ने दावा नहीं किया कि प्रशासन को विश्वास में लेकर यह किया गया है।

हालांकि उक्त आयोजनकर्ताओं का प्रभुत्व ही इतना है कि प्रशासन की भूमिका स्पष्ट नहीं दिख रही। इससे पहले कई ऐसे अवसर आए थे, जिनमें किसी प्रभावशाली अधिकारी की पत्नी, किसी करोड़पति ठेकेदार के बेटे या किसी अपराधी गैंग के सदस्य ने सड़क, पुल, चौराहों पर जन्मदिवस मनाना अपना अधिकार समझा हो। मीडिया में शिकायत आने या सोशल मीडिया पर इसके वायरल होने के बाद पुलिस जागती है और उन पर कार्रवाई करती है। आम जन को यह भरोसा लगा कि आगे ऐसा करने वालों की खैर नहीं। पर 17 सितंबर को यह भरोसा धराशायी हो गया।

एक दिन पहले से ही उत्साही कार्यकर्ताओं ने दुकानों को बंद करवाने, दिहाड़ी ठेले-खोमचे वालों की रोजी-रोटी पर ताला जड़ दिया। विरोध को दरकिनार कर दिया गया। शाम होने के काफी पहले सड़कों को बैरिकेड लगाकर रोक दिया गया। कुछ कार्यकर्ताओं को ही लक्ष्मणरेखा लांघने की इजाजत थी। इसके बाद दीपक जलाने की कवायद इन कार्यकर्ताओं ने की। शाम से लेकर रात दस बजे तक आम जनों का सिरहासार चौक जाने पर पाबंदी थी। यहां तक कि मां दंतेश्वरी मंदिर, हनुमान मंदिर व मावली मंदिर जाने वाले भक्तजनों को भी बैरिकेड के बाहर ही से लौट जाना पड़ा।

नगरवासियों में इसे लेकर खासी नाराजगी है। लोगों ने मन भर आयोजकों पर नाराजगी जताई, पर उनकी बात कानाफूसी तक सीमित रह गई। उनका मानना है कि कानून सबके लिए बराबर है या रसूखदारों के लिए अलग? निजी आयोजन में सार्वजनिक, सामाजिक, धार्मिक व सांस्कृतिक स्थल का दुरुपयोग अनुचित है। इस पर प्रशासन को खुद संज्ञान लेकर उचित कार्रवाई करनी चाहिए। हालांकि यह चुनौतीपूर्ण है।

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basant dahiya

मेरा नाम बसंत दहिया है। मैं लगभग 20 वर्षों से प्रिंट मीडिया में सक्रिय रूप से कार्य कर रहा हूं। इसी बीच मैंने बस्तर जिला व राजधानी रायपुर के प्रमुख समाचार पत्रों में अपनी सेवा देकर लोकहित एवं देशहित में कार्य किया है। वर्तमान की आवश्यकता के दृष्टिगत मैंने अपना स्वयं का न्यूज पोर्टल- समग्रविश्व अप्रेल 2024 से शुरू किया है जो जनहित एवं समाज कल्याण में सक्रिय है। इसमें आप सहयोगी बनें और मेरे न्यूज पोर्टल को सपोर्ट करें। "जय हिन्द, जय भारत"

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