स्मार्ट मीटर व बिजली बिल बढ़ोतरी के खिलाफ कांग्रेस का जन आक्रोश, धरमपुरा व पावर हाउस चौक में शिकायत पंजीकरण अभियान जारी
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| जगदलपुर। बिजली बिल बढ़ोत्तरी व स्मार्ट मीटर की अनियमितताओं के खिलाफ कांग्रेस पार्टी का धरमपुरा व पावर हाउस चौक में जनसहायता एवं शिकायत पंजीकरण अभियान। इस दौरान उपभोक्ताओं ने अपनी समस्याएँ दर्ज कराईं। |
छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर बस्तर जिला कांग्रेस कमेटी ने स्मार्ट मीटर की बाध्यता और बिजली बिलों में हुई बेतहाशा बढ़ोतरी से जूझ रहे आम उपभोक्ताओं की समस्याओं के निदान के लिए जोरदार अभियान छेड़ा है। जिला अध्यक्ष सुशील मौर्य के निर्देशानुसार धरमपुरा स्थित बिजली विभाग और पावर हाउस चौक स्थित बिजली विभाग कार्यालय के समक्ष जनसहायता एवं शिकायत पंजीकरण अभियान जारी है।
दोनों ब्लॉकों में जुटे कांग्रेसी कार्यकर्ता
इस अभियान की अगुवाई उत्तर ब्लॉक अध्यक्ष बलराम यादव व दक्षिण ब्लॉक अध्यक्ष सूर्यापानी कर रहे हैं। कांग्रेस प्रतिनिधियों ने जनसहायता केंद्र पहुँचे उपभोक्ताओं की समस्याओं को गंभीरता से सुना। बढ़े हुए बिजली बिल, स्मार्ट मीटर की अनियमित रीडिंग, अनुमानित बिलिंग व अन्य शिकायतों के लिए विशेष शिकायत प्रपत्र भरवाकर विधिवत विरोध दर्ज कराया गया।
आम जनता की सुविधा के लिए कांग्रेस पार्टी ने एक हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है, जिस पर पीड़ित उपभोक्ता अपनी समस्याएँ आसानी से दर्ज करा सकते हैं।
सुशील मौर्य का बड़ा आरोप – 'सरकार जनता की खुली लूट में लगी'
शहर जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुशील मौर्य ने कहा कि
"प्रदेश में भाजपा की सरकार जनता की खुली लूट में लगी हुई है। स्मार्ट मीटर की बाध्यता हो या बिजली बिलों में बेतहाशा बढ़ोतरी, आम नागरिक विशेषकर गृहणियाँ घर चलाने में भारी परेशानियों का सामना कर रही हैं।"
मौर्य ने महतारी वंदन योजना का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि
"इस योजना के नाम पर महिलाओं को प्रति माह मात्र 1000 रुपये दिए जा रहे हैं, लेकिन स्मार्ट मीटर लगाकर और बिल बढ़ाकर सरकार उससे दोगुना पैसा वापस वसूल रही है। यह जनता के साथ सीधा धोखा और पूंजीपतियों को फायदा पहुंचाने की साजिश है।"
उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर के जरिए रीडिंग में हेराफेरी, अनुमानित बिल और अनावश्यक कटौती जैसी समस्याएँ आम हो गई हैं, जिससे गरीब व मध्यम वर्ग की जेबें खाली हो रही हैं।
'स्मार्ट मीटर उखाड़ फेंकने' की चेतावनी
शहर कांग्रेस अध्यक्ष ने स्पष्ट कहा कि कांग्रेस पार्टी स्मार्ट मीटर का पुरजोर विरोध करती है। उन्होंने कहा कि यह योजना न तो आम जनता के हित में है और न ही पारदर्शिता सुनिश्चित करती है। मौर्य ने चेतावनी देते हुए कहा कि
"अगर सरकार जनता की आवाज नहीं सुनती और स्मार्ट मीटर थोपने का सिलसिला जारी रखती है, तो कांग्रेस पार्टी जरूरत पड़ने पर आम जनमानस के साथ मिलकर इन पूंजीपति-हितैषी स्मार्ट मीटरों को उखाड़ फेंकने का कार्य जल्द शुरू करेगी। जनता अब और चुप नहीं रहेगी।"
इन नेताओं ने किया कार्यक्रम को संबोधित
इस जनसहायता अभियान में पूर्व विधायक रेखचंद जैन, पूर्व महापौर जतिन जायसवाल, नेता प्रतिपक्ष राजेश चौधरी, जिला महामंत्री अमर नाथ सिंह, अनुराग महतो, गौरनाथ नाग, एम वेंकट राव, पार्षद गौतम पाणिग्रही सहित कई वरिष्ठ नेता व कार्यकर्ता मौजूद रहे।
इस अवसर पर अल्पसंख्यक अध्यक्ष रोजविन दास, शुभम यदू, विक्की निषाद, राजू बघेल, आदर्श दलाई, युकां उपाध्यक्ष वैभव नेताम, हेमंत पांडे, इंदर झझ, एनएसयूआई अध्यक्ष विशाल खंबारी, उस्मान रज़ा, कर्तव्य आचार्य, मुकेश निषाद, जगदीश निषाद आदि ने भी उपस्थित होकर अभियान को सफल बनाने में योगदान दिया।
अभियान जारी, आम जनता से जुड़ाव बढ़ा
कांग्रेस पार्टी का यह अभियान आम उपभोक्ताओं में काफी चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग शिकायत पंजीकरण केंद्र पहुँच रहे हैं और अपनी समस्याएँ दर्ज करा रहे हैं। पार्टी का कहना है कि जब तक सरकार इन समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं कर लेती, तब तक यह अभियान जारी रहेगा।
