दीपा सागर मौत मामला अपडेट: PM रिपोर्ट में हैंगिंग की पुष्टि, परिजनों ने लगाया रेप-हत्या का आरोप; CSP के नेतृत्व में 5 सदस्यीय SIT जांच में जुटी
जगदलपुर, बस्तर: बाफना हाउस स्थित कपड़ा शोरूम की छत पर 21 वर्षीय युवती दीपा सागर की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। मामले में पोस्टमार्टम (PM) रिपोर्ट सामने आ चुकी है, जिसमें मौत का कारण हैंगिंग (फांसी) बताया गया है। वहीं, दूसरी तरफ मृतका के परिजन पुलिस की जांच से संतुष्ट नहीं हैं और उन्होंने रेप के बाद हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है।
मामले की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा CSP अंशिका जैन (IPS) के नेतृत्व में 5 सदस्यीय विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या कहा?
पुलिस के अनुसार, डॉक्टर से प्राप्त PM रिपोर्ट में मृतिका के शरीर में किसी तरह का इंटरनल चोट नहीं होने तथा लिगेचर मार्क होने का उल्लेख किया गया है। मृत्यु का कारण फांसी (हैंगिंग) बताया गया है।
हालांकि, परिजनों का दावा है कि युवती के शरीर पर नोचने के निशान थे और प्राइवेट पार्ट में रूई मिली थी। सोशल मीडिया पर परिजनों के बयान वाले वीडियो भी वायरल हो रहे हैं, जिससे मामले ने तूल पकड़ लिया है। परिजनों ने आशंका जताई है कि सामने वाला पक्ष प्रभावशाली होने के कारण मामले को दबाने का प्रयास कर रहा है।
CCTV में अकेले छत की ओर जाती दिखी युवती
जांच के दौरान कार्यस्थल के CCTV फुटेज को परिजनों के सामने दिखाया गया और उसका गहनता से अवलोकन किया गया। पुलिस के अनुसार, फुटेज में मृतिका अकेले छत की ओर जाती दिखाई दे रही है और किसी तरह का संदेहास्पद घटनाक्रम नहीं दिखा है।
सुसाइड नोट और मोबाइल की हो रही जांच
पोस्टमार्टम के दौरान मृतिका के जेब से एक सुसाइड नोट बरामद किया गया है, जिसे पुलिस ने महत्वपूर्ण साक्ष्य के रूप में जब्त कर लिया है। नोट की लिखावट, विषयवस्तु और अन्य तथ्यों का परीक्षण किया जा रहा है। इसके अलावा, मृतिका का मोबाइल फोन परिजनों से प्राप्त कर फॉरेंसिक एनालिसिस के लिए भेजा जाएगा। पुलिस ने मृतिका के मोबाइल नंबर का CDR (कॉल डिटेल रिकॉर्ड) भी प्राप्त कर लिया है और उसका एनालिसिस किया जा रहा है।
अधिकारी जो हैं SIT में शामिल?
CSP अंशिका जैन (IPS) के नेतृत्व वाली 5 सदस्यीय SIT में ये अधिकारी शामिल हैं:
थाना प्रभारी कोतवाली - लीलाधर राठौर
साइबर प्रभारी - सागर पाठक
SI - रानी सोनी
ASI - सतीश यादव
महिला प्रधान आरक्षक - उमा भगत
कर्मचारियों के बयान और आगे की जांच
पुलिस टीम द्वारा घटनास्थल पर कार्यरत सभी कर्मचारियों और गवाहों के विस्तृत बयान दर्ज किए जा रहे हैं। FSL टीम द्वारा घटनास्थल और शव का सूक्ष्म निरीक्षण कर हर एंगल से फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी की गई है। पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं पर गंभीरतापूर्वक जांच की जा रही है और प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।