बस्तर के मरीजों के लिए बड़ी सौगात: महारानी अस्पताल के कायाकल्प के लिए 7 करोड़ का प्रस्ताव तैयार, मिलेगी सुपर-स्पेशलिटी सुविधाएं
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| महारानी अस्पताल जीवन दीप समिति की बैठक में कलेक्टर आकाश छिकारा ने अस्पताल के आधुनिकीकरण के लिए 7 करोड़ 1 लाख रुपये के प्रस्ताव को मंजूरी दी। इस अवसर पर चिकित्सक और अधिकारी उपस्थित रहे। |
बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर एवं समिति के अध्यक्ष आकाश छिकारा ने की, जिसमें सहायक कलेक्टर यशवंत नायक, सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. संजय प्रसाद और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजय बसाक सहित जिले के विशेषज्ञ चिकित्सक और अधिकारी उपस्थित रहे।
🏥 अस्पताल के बुनियादी ढांचे में होंगे बड़े बदलाव
जिला खनिज संस्थान न्यास के अंतर्गत तैयार किए गए इस प्रस्ताव में अस्पताल के बुनियादी ढांचे से लेकर गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए उपयोग होने वाली आधुनिक चिकित्सा उपकरणों तक हर स्तर पर बड़े बदलाव की तैयारी की गई है।
🔌 विद्युत व्यवस्था होगी आधुनिक
अस्पताल परिसर में वर्तमान में उपयोग की जा रही पुरानी पद्धति की हाई-टेंशन एवं लो-टेंशन विद्युत लाइनों को बदला जाएगा। बारिश के मौसम में स्पार्किंग और फॉल्ट होने के कारण सीटी स्कैन, एक्स-रे और वेंटिलेटर जैसी अति-आवश्यक मशीनों के खराब होने की आशंका को देखते हुए जेडीएस मद से इन पुरानी केबलों को हटाकर आधुनिक एबी केबल लगाई जाएगी, जिससे शॉर्ट सर्किट और करंट लीकेज की समस्या से पूरी तरह निजात मिल सकेगी।
🔋 बैटरी बैकअप और ब्लड बैंक को मिलेगा अपग्रेड
सीटी स्कैन मशीन के पुराने हो चुके बैटरी बैकअप को अपग्रेड करते हुए 100 एएच की 32 नई बैटरियां लगाने और ब्लड बैंक सेंटर द्वारा आयोजित होने वाले आउटडोर कैंपों के लिए नए फोल्डेबल डोनर काउच खरीदने की अनुमति भी प्रदान की गई है।
🏚️ 100 साल पुराने भवन की मरम्मत
अस्पताल का मुख्य भवन 100 वर्ष से अधिक पुराना हो जाने के कारण इसकी मरम्मत को बेहद आवश्यक माना गया है। इसके तहत बारिश में पानी के रिसाव को रोकने के लिए छत की मरम्मत कराई जाएगी और आंतरिक दीवारों व सीढ़ियों पर आकर्षक वॉल टाइल्स लगाई जाएंगी।
🏥 ऑपरेशन थिएटर और उपकरणों का आधुनिकीकरण
| विवरण | लागत (रुपये में) |
|---|---|
| प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग (मॉड्यूलर ओटी नवीनीकरण) | 92 लाख |
| सामान्य सर्जरी (मॉड्यूलर ओटी अपग्रेडेशन) | 80 लाख |
| मोटराइज्ड एडवांस्ड ऑर्थो टेबल | 35 लाख |
| कलर डॉपलर एडवांस्ड | 45 लाख |
| मोबाइल डीआर सिस्टम | 35 लाख |
| आंखों के रोगों के लिए आधुनिक उपकरण | 41 लाख |
| सीटीटी मशीन | 3 लाख |
| एंडोस्कोपी उपकरण सेट | 20 लाख |
| लेप्रोस्कोपी उपकरण सेट | 20 लाख |
| ईएनटी उपकरण सेट | 6 लाख |
👶 बच्चों और नवजात शिशुओं को मिलेगी विशेष सुविधा
अस्पताल प्रबंधन ने बच्चों और नवजात शिशुओं की सेहत को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कई निर्णय लिए हैं:
ईसीआरपी मद के अंतर्गत निर्मित 12 बिस्तरीय पीडियाट्रिक आईसीयू और 30 बिस्तरीय शिशु रोग वार्ड में बाथरूम व दरवाजों की मरम्मत।
फायर एग्जिट सीढ़ी का निर्माण, ताकि आपातकालीन स्थिति में निकासी आसान हो।
पीडियाट्रिक वार्ड और एमएनसीयू में अतिरिक्त सुविधाओं के लिए 39.86 लाख की मांग।
एसएनसीयू वार्ड के लिए 41.77 लाख की लागत से 14 यूनिट अत्याधुनिक उपकरण व 1.80 लाख की लागत से 12 यूनिट नियोनेटल प्रोब।
☀️ पर्यावरण के अनुकूल और आपातकालीन सुविधाएं
78 लाख की लागत से ऑन-ग्रिड सोलर पावर सिस्टम, जिससे बिजली की भारी बचत होगी।
65 लाख की लागत से भारी-भरकम डीजी जनरेटर, ताकि आपातकाल में बिजली की निरंतर आपूर्ति बनी रहे।
24.74 लाख की लागत से वाहन पार्किंग क्षेत्र का निर्माण।
5.76 लाख की लागत से होम शेल्टर का निर्माण।
📜 अन्य महत्वपूर्ण निर्णय
धन्वंतरी दवा केंद्र का अनुबंध जून 2026 में पूर्ण होने के बाद आगे नहीं बढ़ाने की अनुशंसा।
एचएलएल को अटल आरोग्य लैब के अंतर्गत माइक्रोबायोलॉजी विभाग शीघ्र शुरू करने के कड़े निर्देश।
बायो-मेडिकल वेस्ट के सुरक्षित निपटान के लिए डीप पिट एवं शार्प पिट के चारों ओर बाउंड्री वॉल का निर्माण।
6 एएचयू की मरम्मत और हेपा फिल्टर को बदलने की स्वीकृति।
कर्मचारियों के मानदेय और अन्य भुगतानों के लिए 6 लाख रुपये तक के भुगतान की अनुमति।
🗣️ कलेक्टर का निर्देश
बैठक के अंत में कलेक्टर आकाश छिकारा ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन सभी स्वीकृत और प्रस्तावित कार्यों को पूरी गुणवत्ता के साथ तय समय-सीमा के भीतर पूर्ण किया जाए, ताकि स्थानीय व ग्रामीण जनता को त्वरित और उच्च स्तरीय स्वास्थ्य लाभ मिल सके।
इस बैठक में जिला कार्यक्रम प्रबंधक डॉ. रीना लक्ष्मी, अस्पताल सलाहकार डॉ. एनके ओझा सहित अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक मौजूद थे।
🔥 हाइलाइट्स
✅ 7 करोड़ 1 लाख के प्रस्ताव को मंजूरी।
✅ 100 साल पुराने भवन की मरम्मत और आधुनिकीकरण।
✅ ओटी, सीटी स्कैन, डॉपलर, एंडोस्कोपी जैसे अत्याधुनिक उपकरण।
✅ बच्चों के लिए विशेष पीडियाट्रिक आईसीयू और एसएनसीयू सुविधाएं।
✅ सोलर पावर और डीजी जनरेटर से बिजली की निरंतर आपूर्ति सुनिश्चित।
✅ धन्वंतरी दवा केंद्र का अनुबंध समाप्त करने की अनुशंसा।
✅ कर्मचारियों के भुगतान में पारदर्शिता के लिए 6 लाख तक की छूट।

