बड़े बचेली नगर पालिका में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 को लेकर दो दिनों में दूसरी बड़ी बैठक, आज अधिकारियों-पार्षदों ने की रणनीति तैयार

कल बल्क वेस्ट जनरेटरों को किए गए जागरूक, आज नगर पालिका अध्यक्ष व पार्षदों ने MRF सेंटर व डोर-टू-डोर संग्रहण पर की चर्चा

बड़े बचेली नगर पालिका परिषद द्वारा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के तहत बल्क वेस्ट जनरेटरों (होटल, रेस्टोरेंट व्यवसायियों) के साथ जनजागरूकता बैठक में लोग उपस्थित
बड़े बचेली नगर पालिका द्वारा आयोजित विशेष बैठक के दौरान मुख्य नगर पालिका अधिकारी एवं अन्य अधिकारी व्यवसायिक प्रतिष्ठानों के प्रतिनिधियों को ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 की जानकारी देते हुए। इस अवसर पर नगर के उपाध्यक्ष, स्वच्छ भारत मिशन के PIU एवं होटल-रेस्टोरेंट संचालक उपस्थित रहे।

बड़े बचेली (बस्तर)। शहर में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर नगर पालिका परिषद् बड़े बचेली में लगातार दूसरे दिन आज (18 मई) एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इससे एक दिन पहले (17 मई) को नगर पालिका ने बल्क वेस्ट जनरेटरों (होटल, रेस्टोरेंट, व्यवसायिक प्रतिष्ठानों) को नियमों की जानकारी देकर जागरूक किया था, वहीं आज की बैठक में प्रशासनिक और जनप्रतिनिधि स्तर पर कार्ययोजना को अंतिम रूप दिया गया।

आज की बैठक में क्या हुआ?

बड़े बचेली नगर पालिका में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के क्रियान्वयन को लेकर आयोजित बैठक में नगर पालिका अध्यक्ष, मुख्य नगर पालिका अधिकारी एवं पार्षदगण गीले-सूखे कचरे के पृथक्करण, MRF सेंटर संचालन और डोर-टू-डोर संग्रहण पर चर्चा करते हुए
बड़े बचेली नगर पालिका परिषद में आयोजित बैठक के दौरान नगर पालिका अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, मुख्य नगर पालिका अधिकारी एवं पार्षदगण ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन पर विचार-विमर्श करते हुए। डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन एवं MRF सेंटर के संचालन पर जोर दिया गया।
नगर पालिका परिषद् के सभागार में हुई इस बैठक में नगर पालिका अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, मुख्य नगर पालिका अधिकारी (CMO), पार्षदगण एवं अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

बैठक में नगर क्षेत्र की स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए निम्नलिखित बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई:

  • गीले कचरे, सूखे कचरे, सेनेटरी कचरे और हानिकारक कचरे का स्रोत स्तर पर पृथक्करण।

  • डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण की प्रक्रिया को और अधिक कारगर बनाना।

  • प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन के तहत सिंगल यूज प्लास्टिक पर रोक लगाने के उपाय।

  • वेस्ट टू कंपोस्ट (कचरे से खाद बनाने) की व्यवस्था को बढ़ावा देना।

  • MRF सेंटर (मटीरियल रिकवरी फैसिलिटी सेंटर) के सुचारू संचालन पर विशेष जोर।

नागरिकों के लिए विशेष अभियान की घोषणा:

बैठक में यह निर्णय लिया गया कि शीघ्र ही नागरिकों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने एवं ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के पालन हेतु एक विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत वार्ड स्तर पर जागरूकता रैलियाँ, शपथ कार्यक्रम और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी शामिल होगी।

कल की बैठक में क्या तय हुआ था?

गौरतलब है कि नगर पालिका ने शहर के बल्क वेस्ट जनरेटरों (होटल, रेस्टोरेंट, बड़े व्यवसायिक प्रतिष्ठानों) के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर उन्हें नियमों की पालना सुनिश्चित करने का निर्देश दिया था। तब CMO ने स्पष्ट किया था कि नियमों के उल्लंघन पर पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति और दंडात्मक कार्रवाई का प्रावधान है। साथ ही बल्क वेस्ट जनरेटरों को ऑन-साइट कम्पोस्टिंग की व्यवस्था करना अनिवार्य होगा।

नगर पालिका का अगला कदम:

अब आने वाले दिनों में नगर पालिका सभी वार्डों में निरीक्षण दल गठित करेगी और यह सुनिश्चित करेगी कि हर प्रतिष्ठान एवं घर से गीला और सूखा कचरा अलग-अलग ही उठाया जाए। MRF सेंटर में एकत्रित कचरे को प्रोसेस करके उसका पुनर्चक्रण (recycling) किया जाएगा।

basant dahiya

मेरा नाम बसंत दहिया है। मैं लगभग 20 वर्षों से प्रिंट मीडिया में सक्रिय रूप से कार्य कर रहा हूं। इसी बीच मैंने बस्तर जिला व राजधानी रायपुर के प्रमुख समाचार पत्रों में अपनी सेवा देकर लोकहित एवं देशहित में कार्य किया है। वर्तमान की आवश्यकता के दृष्टिगत मैंने अपना स्वयं का न्यूज पोर्टल- समग्रविश्व अप्रेल 2024 से शुरू किया है जो जनहित एवं समाज कल्याण में सक्रिय है। इसमें आप सहयोगी बनें और मेरे न्यूज पोर्टल को सपोर्ट करें। "जय हिन्द, जय भारत"

Post a Comment

Previous Post Next Post